ब्युरो रिपोट दिनेश आहुजा
रायपुर। भाजपा विधायक रामकुमार टोप्पो पर तहसीलदार से कथित मारपीट के आरोप को लेकर प्रदेश की राजनीति और प्रशासनिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। मामले के विरोध में प्रदेशभर के तहसीलदार और नायब तहसीलदार काम बंद कर आंदोलन पर उतर आए हैं। वहीं कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ ने विधायक की गिरफ्तारी की मांग करते हुए राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा से मुलाकात का समय मांगा है।

जानकारी के अनुसार, कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ के पदाधिकारी रायपुर स्थित राजस्व मंत्री के निवास पहुंचे, जहां उनकी राजस्व विभाग की सचिव शम्मी आबिदी के साथ चर्चा हुई। संघ का आरोप है कि तहसीलदार के साथ मारपीट की घटना बेहद गंभीर है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
संघ के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक मामले में उचित कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रखने पर विचार किया जाएगा। घटना के विरोध में प्रदेश के कई जिलों में तहसीलदार और नायब तहसीलदारों ने काम बंद कर दिया है, जिससे राजस्व संबंधी कार्य प्रभावित होने लगे हैं।
इस बीच, दीपक बैज ने भी मामले को लेकर सरकार पर निशाना साधा है। रायपुर में मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि एक तहसीलदार को बंद कमरे में पीटा जाता है और सड़क पर विधायक प्रदर्शन करते नजर आते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में कानून का समान रूप से पालन नहीं हो रहा है।
दीपक बैज ने कहा कि एक ओर प्रशासनिक अधिकारी धरने पर बैठे हैं, वहीं दूसरी ओर सरकार अपने नेताओं को बचाने में लगी हुई है। उन्होंने मांग की कि विधायक रामकुमार टोप्पो के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए।
वहीं इस पूरे मामले पर सरकार और भाजपा की ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों के आंदोलन और विपक्ष के हमलों के बीच यह मुद्दा अब राजनीतिक रंग लेता दिखाई दे रहा है।
फिलहाल सभी की नजरें राजस्व मंत्री के साथ होने वाली बैठक और सरकार के अगले कदम पर टिकी हुई हैं।


