खबर का असर: कोड़ापुरी हाईस्कूल के जर्जर भवन को ध्वस्त करने की अनुशंसा
सकर्रा । कोड़ापुरी स्थित शासकीय हाईस्कूल के जर्जर भवन की समस्या को लेकर समाचार पत्र द्वारा प्रमुखता से खबर प्रकाशित किए जाने के बाद अब इसका असर दिखाई देने लगा है। विद्यार्थियों की सुरक्षा से जुड़े इस गंभीर मामले को समाचार पत्र ने प्रमुखता से उठाया था। इसके बाद लोक निर्माण विभाग ने पुराने शासकीय हाईस्कूल भवन का निरीक्षण कर उसे ध्वस्त (Demolishing) किए जाने की अनुशंसा की है।

लोक निर्माण विभाग उपसंभाग क्रमांक-3 बिलासपुर द्वारा जारी पत्र के अनुसार 10 जुलाई 2026 को भवन का संयुक्त निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान जनपद पंचायत क्षेत्र क्रमांक 13 की सदस्य श्रीमती कविता महेश यादव, विभागीय अधिकारी, स्कूल के प्राचार्य एवं स्टाफ मौजूद रहे।
निरीक्षण में भवन की स्थिति बेहद जर्जर पाई गई। भवन की छत दब गई है तथा सीलिंग में कई जगह सरिया दिखाई दे रही है। दीवारों में भी दरारें पड़ गई हैं। विभाग ने माना कि भवन को यथावत रखना सुरक्षित नहीं है और इससे किसी भी समय अप्रिय स्थिति निर्मित हो सकती है। ग्रामीणों एवं स्कूल स्टाफ के अनुसार यह भवन करीब 25 से 30 वर्ष पुराना है।

खबर के बाद विभाग ने लिया संज्ञान
जर्जर स्कूल भवन में विद्यार्थियों के अध्ययन करने से जुड़ी सुरक्षा की चिंता को समाचार पत्र ने प्रमुखता से उठाया था। खबर प्रकाशित होने के बाद संबंधित विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए भवन का निरीक्षण कराया। निरीक्षण के बाद लोक निर्माण विभाग ने पुराने भवन को ध्वस्त करने की अनुशंसा करते हुए आवश्यक कार्रवाई के लिए पत्र जारी किया है।
जनपद सदस्य कविता महेश यादव ने भी विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जर्जर भवन के मामले को गंभीरता से लिया था। विभागीय निरीक्षण और अब ध्वस्तीकरण की अनुशंसा को उनकी पहल तथा समाचार प्रकाशन के असर के रूप में देखा जा रहा है।
विभाग द्वारा जारी पत्र की प्रतिलिपि शासकीय हाईस्कूल कोड़ापुरी के प्राचार्य को भी सूचना एवं आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है। अब ग्रामीणों और अभिभावकों को उम्मीद है कि जर्जर भवन को जल्द हटाकर विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित शैक्षणिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।














