ब्युरो रिपोट उमाशंकर शुक्ला
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रेलवे सुरक्षा बल ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में सुरक्षा एवं सेवा के क्षेत्र में हासिल कीं उत्कृष्ट उपलब्धियाँ !
बिलासपुर,— दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रेलवे सुरक्षा बल ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान यात्रियों की सुरक्षा, संरक्षा एवं सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ दर्ज की हैं। विभिन्न अभियानों एवं सतत निगरानी के माध्यम से रेलवे सुरक्षा बल ने रेलवे परिसरों एवं ट्रेनों में अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा, तथा सामाजिक दायित्वों के निर्वहन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वर्ष के दौरान रेलवे सुरक्षा बल द्वारा आरपी(यूपी) अधिनियम के अंतर्गत 416 प्रकरण दर्ज किए गए तथा 635 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। रेलवे अधिनियम के तहत 65,071 गिरफ्तारियाँ की गईं, जबकि दलालों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 269 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। मादक पदार्थ नियंत्रण (एनडीपीएस एक्ट) के तहत 105 गिरफ्तारियाँ की गईं।

यात्रियों की संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करते हुए चोरी के मामलों में 227 आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई । इसके अतिरिक्त अनधिकृत हॉकरों के विरुद्ध व्यापक अभियान चलाते हुए 13,744 गिरफ्तारियाँ की गईं तथा अलार्म चेन पुलिंग (एसीपी) के मामलों में 4,446 लोगों पर कार्रवाई की गई। रेल सुरक्षा को खतरे में डालने वाले 253 मामलों में भी कार्रवाई की गई। महिला, वृद्ध एवं दिव्यांग यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए 10,119 मामलों में प्रभावी कार्रवाई की गई। मानव तस्करी के विरुद्ध भी सख्त कदम उठाते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। अग्नि सुरक्षा अभियान के अंतर्गत 75 मामलों में कार्रवाई की गई। सामाजिक दायित्वों के अंतर्गत “ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते” के तहत 324 बच्चों को सुरक्षित बचाया गया, जो रेलवे सुरक्षा बल की मानवीय संवेदनशीलता को दर्शाता है। डिजिटल प्लेटफॉर्म “रेल मदद” के माध्यम से रेलवे सुरक्षा बल ने उत्कृष्ट सेवा प्रदान करते हुए 11,423 शिकायतों का शत-प्रतिशत निस्तारण किया। शिकायतों के समाधान का औसत समय मात्र 18 मिनट रहा तथा यात्रियों द्वारा सेवा को “Excellent” रेटिंग प्रदान की गई। महिला सुरक्षा के क्षेत्र में “मेरी सहेली” पहल के अंतर्गत दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के 11 प्रमुख स्टेशनों बिलासपुर, रायगढ़, कोरबा, शहडोल, भाटापारा, रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, डोंगरगढ़, गोंदिया एवं भंडारा रोड पर महिला रेलवे सुरक्षा बल की नियमित तैनाती सुनिश्चित की गई है। यह टीम विशेष रूप से अकेले यात्रा करने वाली महिला यात्रियों से संवाद स्थापित कर उन्हें आवश्यक सहायता एवं सुरक्षा संबंधी मार्गदर्शन प्रदान करती है। इस पहल से महिलाओं में सुरक्षा का भाव सुदृढ़ हुआ है तथा अपराधों की रोकथाम में सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे का रेलवे सुरक्षा बल भविष्य में भी यात्रियों की सुरक्षा, सेवा और विश्वास को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निरंतर उत्कृष्ट कार्य करता रहेगा।


