संवाददाता रुपचंद अग्रवाल
श्री अग्रसेन जयंती स्वर्णिम समारोह का भव्य आगाज: हरि संकीर्तन के साथ निकली प्रभात फेरी
अग्र ध्वज फहराकर एवं आतिशबाजी के साथ हुआ जयंती समारोह का शुभारंभ
अग्रवाल समाज ने उठाई मांग— बिल्हा का नाम बदलकर रखा जाए ‘अग्रसेन नगर बिल्हा’

बिल्हा। बिलासपुर अग्र वंश के संस्थापक, समाजवाद के प्रवर्तक, महालक्ष्मी के वरदानी तथा ‘एक रुपया-एक ईंट’ के सिद्धांत से समतामूलक समाज की स्थापना करने वाले श्री श्री 1008 महाराजा अग्रसेन जी की जयंती स्वर्णिम समारोह का भव्य शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम का आगाज अग्र ध्वज फहराकर, आतिशबाजी तथा महाराजा अग्रसेन के जयकारों के साथ अत्यंत उत्साह के साथ किया गया।
समारोह के अंतर्गत आज प्रातः राम मंदिर से अग्रसेन हरि संकीर्तन के साथ प्रभात फेरी निकाली गई। जयघोष के साथ नगर भ्रमण करते हुए यह प्रभात फेरी अग्रसेन चौक पहुंची, जहां इसका समापन हुआ।

अग्रवाल समाज ने सदैव समर्पण, सहयोग और आपसी भाईचारे की मिसाल पेश की है। चाहे राजनीति हो, समाजवाद, शिक्षा, कला, विज्ञान या फिर दानवीरता का क्षेत्र—अग्रवाल समाज ने हर जगह अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। नगर-नगर में अग्रसेन चौक, अग्रसेन स्कूल, कॉलेज, बस स्टैंड, प्रवेश द्वार एवं भव्य अग्रसेन भवनों का निर्माण कर समाज ने अग्र ध्वज को पूरे विश्व में शान से लहराया है।
बिल्हा में अग्रवाल समाज को पहचान दिलाने और इसे विकास पथ पर अग्रसर करने में पूर्वजों का अतुलनीय योगदान रहा है। इनमें मुख्य रूप से स्वर्गीय विर्दि चंद जी वैद्य, स्वर्गीय लखी राम जी अग्रवाल, स्वर्गीय चौथमल जी अग्रवाल, स्वर्गीय ख्याली राम जी अग्रवाल, स्वर्गीय मालू राम जी अग्रवाल तथा श्री मूलचंद जी अग्रवाल की महती भूमिका रही है।

इन्हीं के विचारों और सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाते हुए आज अग्रवाल सेवा समिति के अध्यक्ष राजेश अग्रवाल, सचिव मनोज मंगल अग्रवाल, महिला समिति अध्यक्ष श्रीमती उमा केडिया, सचिव श्रीमती नीतू अग्रवाल, नवयुवक समिति अध्यक्ष शिव अग्रवाल, सचिव वासु गोयल एवं समस्त अग्रवाल समाज निरंतर सामाजिक विकास में संलग्न है।
समारोह के इस अवसर पर पूरे अग्रवाल समाज ने एकजुट होकर शासन-प्रशासन से मांग की है कि बिल्हा नगर की पहचान और समाज के योगदान को देखते हुए बिल्हा का नाम बदलकर ‘अग्रसेन नगर बिल्हा’ रखा जाए।
जय अग्रसेन, जय अग्रोहा! घर-घर अग्रसेन, हर दिल में अग्रसेन!”


