छात्रावास की घटना की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति गठित, 10 दिनों में सौंपेगी रिपोर्ट
कलेक्टर कुन्दन कुमार और पुलिस अधीक्षक निखिल राखेचा ने दुर्गूकोंदल स्थित कन्या आवासीय छात्रावास एवं विद्यालय का किया निरीक्षण, छात्राओं से की आत्मीय चर्चा
छात्राओं के स्वास्थ्य परीक्षण, पेयजल गुणवत्ता की जांच और छात्रावासों में संपर्क नंबर प्रदर्शित करने के दिए निर्देश
उत्तर बस्तर कांकेर, 30 अक्टूबर 2026/ दुर्गूकोंदल स्थित कन्या आवासीय छात्रावास में विगत दिनों हुई घटना को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार ने घटना के विभिन्न पहलुओं की जांच के लिए पांच सदस्यीय जांच समिति गठित करने के निर्देश दिए हैं। समिति में एसडीएम भानुप्रतापपुर श्री अनिकेत फडतरे, डिप्टी कलेक्टर रानू मैथ्यूज़,सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग सुश्री जया मनु, खंड चिकित्सा अधिकारी दुर्गूकोंदल डॉ. मनोज किशोर तथा नायब तहसीलदार कोरर श्रीमती योगिता पात्रे को शामिल किया गया है। समिति घटना से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की जांच कर 10 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत करेगी।


कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार और पुलिस अधीक्षक श्री निखिल राखेचा ने आज दुर्गूकोंदल स्थित कन्या आवासीय छात्रावास एवं नेताजी सुभाष चंद्र बोस कन्या आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने छात्रावास की अधीक्षिका से चर्चा कर व्यवस्थाओं की जानकारी ली तथा छात्राओं से आत्मीय संवाद कर उनकी समस्याओं, आवश्यकताओं और स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर जानकारी प्राप्त की। उन्होंने छात्राओं को भरोसा दिलाया कि उनकी सुरक्षा, स्वास्थ्य और बेहतर शैक्षणिक वातावरण जिला प्रशासन की प्राथमिकता है।


निरीक्षण के दौरान एक छात्रा के अस्वस्थ होने की जानकारी मिलने पर कलेक्टर ने एसडीएम को मेडिकल कॉलेज से समन्वय कर छात्रा का समुचित स्वास्थ्य परीक्षण कराने के निर्देश दिए। साथ ही छात्रावास में नियमित स्वास्थ्य परीक्षण सुनिश्चित करने, चिकित्सकों के भ्रमण तथा आवश्यकता अनुसार मनोचिकित्सक की सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। उन्होंने आगामी दिवस में छात्रावास में स्वास्थ्य शिविर आयोजित कराने के लिए भी कहा।
कलेक्टर ने छात्रावास परिसर में साफ-सफाई, सुरक्षा एवं अन्य बुनियादी व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए आवश्यक सुधार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि छात्रावासों में सुरक्षा की दृष्टि से गार्ड की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए तथा छात्राओं की समस्याओं पर संवेदनशीलता के साथ तत्काल कार्रवाई हो।
इसके अलावा पेयजल की गुणवत्ता की जांच लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (पीएचई) के माध्यम से कराने एवं अन्य स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को छात्रावासों में नियमित निरीक्षण और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं पर विशेष निगरानी रखने को कहा।
कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने जिले के सभी आश्रम एवं छात्रावासों में कलेक्टर एवं एस पी के मोबाइल नंबर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर छात्राएं, अभिभावक उनसे सीधे संपर्क कर सकें। इसके लिए जिला शिक्षा अधिकारी, डीएमसी एवं सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग को समन्वय के साथ सभी छात्रावासों में संपर्क नंबर प्रदर्शित कराने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आवासीय संस्थानों में बच्चों की सुरक्षा, स्वास्थ्य, मानसिक स्थिति एवं सुविधाओं पर निरंतर ध्यान दिया जाए। छात्राओं के साथ नियमित संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए, ताकि किसी भी परेशानी का समय रहते समाधान किया जा सके।



