आत्मविश्वास और मेहनत से युवा बनाएं अपनी अलग पहचान, समाज में सकारात्मक बदलाव लाएं : राज्यपाल रमेन डेका
पंडित सुंदरलाल शर्मा मुक्त विश्वविद्यालय के सप्तम दीक्षांत समारोह में राज्यपाल ने युवाओं को दिया सफलता का मंत्र, 24 हजार 800 विद्यार्थियों को मिली उपाधियां एवं डिप्लोमा
बिलासपुर। संवाददाता : अश्वनी यादव। पंडित सुंदरलाल शर्मा मुक्त विश्वविद्यालय, छत्तीसगढ़ के सप्तम दीक्षांत समारोह में राज्यपाल रमेन डेका ने युवाओं को आत्मविश्वास, निरंतर परिश्रम और अपनी प्रतिभा के दम पर जीवन में आगे बढ़ने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि असफलता से घबराने के बजाय उससे सीख लेकर दोबारा प्रयास करना चाहिए। शिक्षा का उद्देश्य केवल व्यक्तिगत सफलता हासिल करना नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाना भी होना चाहिए। समारोह में पिछले पांच वर्षों के 24 हजार 800 विद्यार्थियों को स्नातक, स्नातकोत्तर एवं डिप्लोमा की उपाधियां प्रदान की गईं।


राज्यपाल ने कहा कि युवा दूसरों से तुलना करने के बजाय अपनी विशिष्ट प्रतिभा को पहचानें और उसी के अनुरूप लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ें। डिजिटल तकनीक और इंटरनेट का उपयोग ज्ञान एवं रचनात्मक क्षमता बढ़ाने के लिए करें।

उन्होंने अभिभावकों से भी बच्चों पर अपनी अपेक्षाएं थोपने के बजाय उनकी रुचि और प्रतिभा को प्रोत्साहित करने की अपील की। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि पंडित सुंदरलाल शर्मा के नाम पर स्थापित यह विश्वविद्यालय दूरस्थ क्षेत्रों तक उच्च शिक्षा पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने विश्वविद्यालय को नैक की ए प्लस ग्रेडिंग मिलने पर बधाई दी। समारोह में विधायक धरमलाल कौशिक, सुशांत शुक्ला, महापौर पूजा विधानी सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं शिक्षाविद उपस्थित रहे। इस दौरान विश्वविद्यालय की उन्नत वेबसाइट का लोकार्पण और स्मारिका ‘अभ्युदय’ का विमोचन भी किया गया। वहीं एकलव्य विद्यालय देवपहरी के 311 विद्यार्थियों को शैक्षणिक सामग्री वितरित की गई।





