सकर्रा में जिला सहकारी बैंक की शाखा खोलने की मांग
चकरभाठा/सकर्रा। क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों की सुविधा को देखते हुए सकर्रा में जिला सहकारी बैंक की शाखा खोलने की मांग जोर पकड़ने लगी है। सकर्रा सहकारी समिति के अंतर्गत करीब 33 गांव आते हैं। इनमें कोड़ापुरी, सागर, खरकेना, कुरेली, खजूरी सहित आसपास के गांव शामिल हैं। इन गांवों के किसानों को बैंकिंग कार्यों के लिए करीब 20 से 25 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है।

ग्रामीणों के अनुसार सकर्रा क्षेत्र कृषि प्रधान इलाका है और बड़ी संख्या में किसान सहकारी समिति के माध्यम से कृषि ऋण, खाद-बीज सहित अन्य सुविधाओं का लाभ लेते हैं। लेकिन क्षेत्र में जिला सहकारी बैंक की शाखा नहीं होने के कारण किसानों को राशि जमा-निकासी, क्रेडिट-डेबिट, ऋण संबंधी प्रक्रिया और अन्य बैंकिंग कार्यों के लिए दूर स्थित शाखाओं का रुख करना पड़ता है। इससे किसानों का समय और आने-जाने का खर्च दोनों बढ़ जाता है।
कृषि सीजन में बढ़ जाती है परेशानी
किसानों का कहना है कि खरीफ और रबी सीजन के दौरान बैंकिंग कार्यों की आवश्यकता बढ़ जाती है। कृषि ऋण, ऋण खाते से संबंधित कार्य, राशि आहरण, जमा-निकासी तथा अन्य जरूरी लेन-देन के लिए किसानों को बार-बार बैंक जाना पड़ता है। लंबी दूरी होने के कारण बुजुर्ग किसानों, महिलाओं और छोटे किसानों को विशेष परेशानी का सामना करना पड़ता है।
33 गांवों के किसानों को मिलेगा लाभ
सकर्रा में जिला सहकारी बैंक की शाखा खुलने से सकर्रा सहकारी समिति से जुड़े करीब 33 गांवों के किसानों को सीधे लाभ मिलने की उम्मीद है। स्थानीय स्तर पर बैंक शाखा उपलब्ध होने से किसानों को बैंकिंग सेवाओं के लिए अनावश्यक रूप से दूर नहीं जाना पड़ेगा। इससे समय और परिवहन खर्च की बचत के साथ ही कृषि संबंधी कार्य भी समय पर पूरे हो सकेंगे।
ग्रामीणों ने कहा कि सकर्रा क्षेत्र में सहकारी बैंक की शाखा की लंबे समय से आवश्यकता महसूस की जा रही है। क्षेत्र में किसानों की संख्या और गांवों की भौगोलिक स्थिति को देखते हुए यहां शाखा खोलना किसानों के हित में महत्वपूर्ण कदम होगा।
ग्रामीणों ने जिला सहकारी बैंक के अधिकारियों, संबंधित विभाग और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि सकर्रा की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए जिला सहकारी बैंक की शाखा खोलने के लिए आवश्यक प्रक्रिया शुरू की जाए, ताकि सकर्रा सहित आसपास के 33 गांवों के किसानों को स्थानीय स्तर पर बैंकिंग सुविधा उपलब्ध हो सके।














